झारखंड में अवैध खनिज परिवहन पर बड़ा शिकंजा, 5 वर्षों में 24 हजार से ज्यादा वाहन जब्त; जानें कौन सा जिला रहा टॉप पर

झारखंड राज्य में अवैध उत्खनन और खनिजों के गैर-कानूनी परिवहन पर नकेल कसने के लिए खनन विभाग द्वारा बड़े पैमाने पर अभियान चलाया जा रहा है। वित्तीय वर्ष 2022-23 से लेकर 2026-27 के जुलाई महीने तक प्रदेश भर में कुल 24,322 वाहनों को जब्त किया गया है। पकड़े गए वाहनों में हाइवा, ट्रक, ट्रैक्टर और खनिजों की ढुलाई में इस्तेमाल होने वाले अन्य गाड़ियां शामिल हैं।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इस समयावधि के दौरान कोयलांचल क्षेत्र धनबाद में कुल 1,571 वाहन जब्त किए गए, जिसके साथ धनबाद राज्य में चौथे पायदान पर रहा। यह सख्त कार्रवाई मुख्यतः खनिजों के अवैध परिवहन, फर्जी या अनुपलब्ध खनन चालान और खनन नियमावली के उल्लंघन के मामलों में की गई है।

सिमडेगा में हुई सबसे कम कार्रवाई
कार्रवाई के आंकड़ों की तुलना करें तो राज्य के सिमडेगा जिले में अवैध खनिज परिवहन पर सबसे कम जब्ती दर्ज की गई है। पिछले पांच सालों में सिमडेगा में केवल 488 वाहन जब्त हुए हैं। इसके उपरांत गुमला जिले में 507 और सरायकेला-खरसावां में 537 वाहनों पर कार्रवाई की गई। इन तीनों जिलों को मिलाकर कुल 1,532 वाहनों को जब्त किया गया, जो कि अकेले धनबाद जिले की कुल जब्ती संख्या से भी कम है।


